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आश्विन नवरात्र - किस दिन होगी माता के किस रूप की पूजा


आश्विन नवरात्र - किस दिन होगी माता के किस रूप की पूजा

मां दुर्गा को शक्ति की देवी माना जाता है। इसलिए सर्व इच्छाओं की पूर्ति करने वाली होने से परम पुरुषार्थ मोक्ष की प्राप्ति के लिए नौ दिन तक उनके अलग-अलग स्वरूपों की पूजा की जाती है। सनातन धर्म का यह एक महत्वपूर्ण पर्व है जिसे उत्तर भारत के साथ-साथ गुजरात, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और झारखंड में धूमधाम से मनाया जाता है। वर्ष 2017 में आश्विन नवरात्र व्रत 21 सितंबर से शुरु होकर 29 सितंबर तक रहेंगे।

मां दुर्गा के नौ रूपों में पहला स्वरूप 'शैलपुत्री' के नाम से विख्यात है। कहा जाता है कि पर्वतराज हिमालय के घर पुत्री रूप में उत्पन्न होने के कारण इनका नाम 'शैलपुत्री' पड़ा। दूसरे दिन मां के दूसरे स्वरूप 'ब्रह्मचारिणी' की पूजा अर्चना की जाती है। दुर्गा जी का तीसरा स्वरूप मां 'चंद्रघंटा' का है। तीसरे दिन की पूजा का अत्यधिक महत्व माना गया है। पूजन के चौथे दिन कूष्माण्डा देवी के स्वरूप की उपासना की जाती है। पांचवां दिन स्कंदमाता की उपासना का दिन होता है। स्कंदमाता अपने भक्तों की समस्त इच्छाओं की पूर्ति करती हैं। दुर्गा जी के छठे स्वरूप का नाम कात्यायनी और सातवें स्वरूप का नाम कालरात्रि है। मान्यता है कि सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा से ब्रह्मांड की समस्त सिद्धियों का द्वार खुलने लगता है। दुर्गा जी की आठवें स्वरूप का नाम महागौरी है। यह मनवांछित फलदायिनी हैं। दुर्गा जी के नौवें स्वरूप का नाम सिद्धिदात्री है। ये सभी प्रकार की सिद्धियों को देने वाली हैं।

आइये एक नजर डालते हैं वासंती नवरात्र की तिथियों पर जो निम्न प्रकार से हैं

21 सितंबर, 2017 - इस दिन घटस्थापना और नवरात्र के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा की जायेगी।

22 सितंबर, 2017 - नवरात्र के दूसरे दिन चंद्र दर्शन व देवी ब्रह्मचारिणी की पूजा की जायेगी।

23 सितंबर, 2017 - नवरात्र के तीसरे दिन देवी दुर्गा के चन्द्रघंटा रूप की आराधना की जायेगी।

24 सितंबर, 2017 - नवरात्र पर्व के चौथे दिन मां भगवती के देवी कूष्मांडा स्वरूप की उपासना की जायेगी।

25 सितंबर, 2017 - नवरात्र के पांचवे दिन भगवान कार्तिकेय की माता स्कंदमाता की पूजा की जायेगी।

26 सितंबर, 2017 - आश्विन नवरात्र के छठे दिन मां कात्यायनी की पूजा जायेगी।

27 सितंबर, 2017- नवरात्र के सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा का विधान है।

28 सितंबर, 2017 - नवरात्र के आठवें दिन मां महागौरी की पूजा की जाती है। इस दिन कई लोग कन्या पूजन भी करते हैं।

29 सितंबर, 2017 - नौवें दिन भगवती के देवी सिद्धिदात्री स्वरूप का पूजन किया जाता है। सिद्धिदात्री की पूजा से नवरात्र में नवदुर्गा पूजा का अनुष्ठान पूर्ण हो जायेगा। 

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मां के नौ रुपों के बारे में विस्तृत लेख पढ़ने के लिये दिये गये लिंक पर क्लिक करें

शारदीय नवरात्र - कलश स्थापना मुहूर्त   |   माँ शैलपुत्री - नवरात्रि के पहले दिन की पूजा विधि   |  

 माँ ब्रह्मचारिणी - नवरात्रे के दूसरे दिन की पूजा विधि   |   माता चंद्रघंटा - तृतीय माता की पूजन विधि   |  

कूष्माण्डा माता - नवरात्रे के चौथे दिन करनी होती है इनकी पूजा   |   स्कंदमाता - नवरात्रि में पांचवें दिन होती है इनकी पूजा   |   

माता कात्यायनी - नवरात्रि के छठे दिन की पूजा   |   माता कालरात्रि - नवरात्रे के सातवें दिन होती है इनकी पूजा   |   

माता महागौरी - अष्टमी नवरात्रे की पूजा विधि   |   माता सिद्धिदात्री - नवरात्रे के अंतिम दिन की पूजा 




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