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राधिका आप्टे की कुंडली में ‘शनि` है परेशानी की एक वजह


राधिका आप्टे की कुंडली में ‘शनि` है परेशानी की एक वजह

राधिका आप्टे हिंदी फिल्मों के अलावा बंगाली,मराठी,तेलगु, तमिल और मलयालम फिल्मों में भी अपने अभिनय का जलवा बिखेर चुकी हैं। आज उन हज़ारों युवाओं के लिए राधिका, एक रोल मॉडल बनी हुई हैं, जो अपनी मेहनत और काबिलियत के दम पर फ़िल्म की दुनिया में कुछ करना चाहते हैं। राधिका आप्टे का जन्म 7 सितंबर 1985 को महाराष्ट्रा के पुणे में हुआ था।  राधिका के पिता का नाम डॉ. चारुदत्त आप्टे है, जोकि पुणे के मशहूर न्यूरो सृजन में से एक हैं। 


साल 2005 में फिल्म ‘वाह लाइफ हो तो ऐसी’ से इन्होनें बॉलीवुड की दुनिया में कदम रखा था हालंकि फिल्म में इनका रोल काफी छोटा था। पहली फ़िल्म के बाद जब कुछ बहुत अच्छा काम इनको हिंदी सिनेमा की दुनिया में नहीं मिला तब इन्होनें अन्य भाषाओं के सिनेमा में भी काम किया।


हाल ही में आईं इनकी दो बॉलीवुड फ़िल्म, ‘बदलापुर’ और ‘माउंटेन द मांझी’ के बाद आज इनको बॉलीवुड स्वीकार कर चुका है।


आगामी 7  सितम्बर को अपना 30 वां जन्मदिन मनाने जा रहे हैं। राधिका आप्टे के जन्मदिन के मौके पर, आइये एक नजर डालते हैं कि इनका आने वाला समय इनके लिए कैसा रहेगा-

नाम- राधिका आप्टे

जन्म तिथि- 7  सितम्बर 1985  

जन्म स्थान- पुणे  

जन्म समय- ज्ञात नहीं  

लग्न- वृश्चिक, चन्द्र राशि- वृष, महादशा- ब्रहस्पति, अंतरदशा- ब्रहस्पति, प्रत्यांतर- शुक्र, नक्षत्र- रोहिणी नक्षत्र का तीसरा चरण।


वृश्चिक लग्न वाले व्यक्ति के जीवन पर मंगल का प्रभाव अधिक देखने को मिलता है। ये लम्बे और पतले होते हैं। स्वभाव में उग्रता होने के कारण नेतृत्व शक्ति अच्छी होती है परन्तु स्थिर स्वभाव होने के कारण जीवन में स्थिरता रहती है। हर काम को टिक कर करते हैं। जल तत्त्व होने के कारण जिस तरह जल कभी बहुत शान्त और कभी उसमें उग्रता आने पर सब-कुछ तहस-नहस कर देता है वहीं बातें इनमें भी पायी जाती हैं। इसलिए इन्हें अपने क्रोध पर नियंत्रण बनाये रखना चाहिए क्योंकि ऎसे में अक्सर ये लोग अपना ही नुकसान कर बैठते हैं। अभिनेत्री राधिका आप्टे इसी लग्न और इन्हीं गुण दोषों से सम्बन्ध रखती है।


भाग्य स्थान में शुक्र अगर किसी व्यक्ति का विराजमान होता है तो वह व्यक्ति मनोरंजन, फ़िल्म और कला के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करवाने वाला साबित होता है।


राधिका आप्टे की कुंडली में ब्रहस्पति वक्री और नीच का होकर कुंडली के तीसरे घर में बैठा हुआ है। कुंडली का तीसरा घर जो परिवार और भाई-बहन से सम्बन्ध रखता है उस घर को यह अभी हानि पंहुचा रहा है। इनको अपने माता-पिता, गुरुजन एवं अन्य पूजनीय व्यक्तियों के प्रति आदर भाव रखना चाहिए तथा महत्त्वपूर्ण मौकों पर इनका आशिर्वाद लेकर काम करना इनके लिए उपयोगी साबित हो सकता है।


अभी वर्तमान में अगर राधिका के कार्य बनते-बनते बिगड़ रहे हैं तो उसका कारक इनकी कुंडली में ‘शनि’ है जो अभी कुंडली के द्वादश भाव में पापी ग्रह ‘केतु’ के साथ, उच्च का होकर बैठा हुआ है। कुंडली का बारहवां घर व्यय और खर्च का होता है और अभी शनि की वजह से, इनको आमदनी की तुलना में अधिक व्यय से परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।


19 सितम्बर 2015 को इनकी कुंडली में ब्रहस्पति चौथे भाव में आ जाएगा और कुंडली का चौथा भाव सुख से संबंध रखता है। तब राधिका आप्टे को जीवन में कई सुनहरे अवसरों का लाभ प्राप्त हो सकता है।


अभी अगर उपाय की बात करें एस्ट्रोयोगी की राह के अनुसार, शनिवार को यदि शनि भगवान का तेल से अभिषेक किया जाए और ॐ शनि शनैश्चराय नमः  का प्रतिदिन 108 बार जप करने से पीड़ा कम हो सकती है।


एस्ट्रोयोगी राधिका आप्टे को इनके जन्मदिवस की बधाई देता है और उम्मीद करता है कि आगामी समय इनके लिए अच्छा रहेगा।





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