क्या कहती है मलाइका और अर्जुन की लव केमिस्ट्री?

बॉलीवुड की गलियों में मलाइका और अर्जुन के प्यार के तराने गूंज रहे हैं। फैंस भी इनके रिलेशन को लेकर दुविधा में पड़े हैं। क्योंकि हाल ही में इनकी शादी करने की खबरें मीडिया में आ गए थे। लेकिन इन खबरों का खंडन खुद मलाइका व अर्जुन कर चुके हैं। फिर भी फैंस इनके रिलेशनशिप को लेकर काफी उत्साहीत हैं। इसी के चलते एस्ट्रोयोगी एस्ट्रोलॉजर ने इनकी कुंडलियों का मिलान कर इनके संबंध की गहरई को मापने का प्रयास किया है। जिसे हम आपके लिए यहां प्रस्तुत कर रहे हैं।

अर्जुन कपूर का विवरण

जन्म दिनांक – 26 जून 1985

जन्म समय – 12:00 दोपहर

जन्म स्थान – मुंबई

अर्जुन कपूर का जन्म कन्या लग्न, कन्या राशि व हस्त नक्षत्र के तीसरे चरण में हुआ है। वर्तमान में इन पर बृहस्पति की महादशा चल रही है। अंतरदशा में शनि व प्रत्यंतर दशा में भी बृहस्पति चल रहे हैं। कन्या लग्न वालों के लिए बृहस्पति की दशा अच्छी नहीं मानी जाती है और तो और इनकी कुंडली में बृहस्पति नीच का होकर बैठा है जो शादी संबंधित कार्यों में बाधाएं उत्पन्न कर सकता है। बृहस्पति व बुध का एक दृष्टिपात हो रहा है। जिससे जातक की बुद्धि भ्रमित हो जाती है। जिसके चलते जातक अनुचित फैसले ले लेता है। जिसका खामियाजा उसे भुगतना पड़ता है। करियर के लिए कुंडली अच्छी है और सभी कामों में इन्हें लाभ भी मिलेगा व जीवन सुखमय रहेगा।

मलाइका अरोड़ा का विवरण

जन्म दिनांक – 23 अक्टूबर 1973

जन्म समय – 08:53 सुबह

जन्म स्थान – मुंबई

मलाइका का जन्म वृश्चिक लग्न, सिंह राशि व उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र के पहले चरण में हुआ है। वर्तमान में मलाइका पर बृहस्पति की महादशा चल रही है। अंतरदशा में बुध व प्रत्यंतरदशा में मंगल चल रहे हैं। बृहस्पति इनकी कुंडली में नीच का होकर तीसरे घर में बैठा है जो इनके पराक्रम व प्रतिष्ठा के लिए घातक हो सकता है। क्योंकि लग्न में शुक्र व बुध की युति बनी है जो बढ़ती उम्र में भी इनकी सुंदरता में बढ़ोत्तरी करने वाला कारक बन गया है। 10 मई 2020 तक का समय कुछ उतार-चढ़ाव का रहेगा। उसके बाद का समय अच्छा है। परंतु करियर की दृष्टि से नहीं क्योंकि इनके करियर का स्वामी नीच का है जो इनके करियर में थोड़ी परेशानी खड़ा कर सकता है।

मलाइका व अर्जुन की लव कम्पैटबिलटी

अर्जुन कपूर और मलाइका अरोड़ा की लव कम्पैटबिलटी का टेस्ट कुंडली मिलान के आधार पर किया गया है। हमने इनकी कुंडली मिलान के लिए अष्टकूट गुण मिलान का उपयोग किया है। क्योंकि वैदिक ज्योतिष में इस गुण मिलान को अधिक महत्व दिया जाता है। अष्टकूट गुण मिलान में इनके 36 गुण में से केवल 16 गुण ही मिलते हैं। जो कि बेहद कम हैं। शास्त्र के अनुसार सुखी जीवन बिताने के लिए कम से कम 18 गुण मिलने चाहिए। इससे कम गुण मिलने पर यह संबंध के लिए शुभ नहीं माना जाता है। परंतु यदि कुंडली में ग्रह मैत्री हो रही है तो इसे शुभ माना जाता है। क्योंकि इससे वर-वधु के वैचारिक मतभेद नहीं होते हैं और किसी भी संबंध को आगे ले जाने में वैचारिक समानता की आवश्यकता होती है। शास्त्र कहता है कि गुण अगर कम भी मिल रहे हो लेकिन कुंडली में ग्रह मैत्री हो रहा है तो यह संबंध के लिए शुभफलदायी है। परंतु इनकी कुंडली में भकूट दोष व नाड़ी दोष मौजूद हैं। जिससे इनके स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ेगा। नाड़ी दोष होने पर जोड़ा संतान सुख से विमुख हो सकता है ऐसा शास्त्रों में कहा गया है।

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यह तो बात हो रही थी इनकी कुंडली की अब बात करते हैं इनके सूर्य राशि के अनुसार इनकी लव लाइफ कैसी रहेगी। डेट ऑफ बर्थ के हिसाब से अर्जुन की सूर्य राशि कर्क तो वहीं मलाइका की वृश्चिक राशि है। माना जाता है कि कर्क राशि के जातक मृदुभाषी होते हैं और इनके लिए वृश्चिक राशि के जातक साथी के रूप में श्रेष्ठ साबित होते हैं। लेकिन इनके बीच ईर्ष्या और संदेह समय-समय पर आते रहते हैं। परंतु इनका एक दूसरे के प्रति प्रेम इनके बीच के असंतोष को खत्म कर देता है।

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वृश्चिक और कर्क राशि में आदर्श विवाह संयोजन हो सकता है। लेकिन इसे प्राप्त करने के लिए, कर्क को अपने संबंधों में अधिक खुला रहना होगा, जबकि वृश्चिक को कम आक्रामक होना होगा। दोनों समान रूप से भावनाओं से शासित हैं और दोनों ही जल तत्व की राशियां हैं। जिसके चलते इन पर चंद्रमा का आधिपत्य है। इस कारण इनका मन चंचल होगा। राशि के गुण व स्वभाव के आधार पर इनका संबंध या तो बहुत रचनात्मक या बहुत विनाशकारी हो सकता है। क्योंकि जल किसी जीव को तैनरे की कला तो प्रदान करता ही साथ ही यह उसे डूबोने का भी सामर्थ्य रखता है। ऐसे में दोनों के लव कम्पैटबिलटी का नतीजा 50- 50 निकलता है। इन्हें अपने संबंध को समय देने के साथ ही, एक दूसरे की भावना का सम्मान करना होगा।

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