Skip Navigation Links
भारत - पाकिस्तान टी-20 एशिया कप 27 फरवरी 2016



भारत - पाकिस्तान टी-20 एशिया कप 27 फरवरी 2016

हालांकि खेल को खेल की भावना से खेलना चाहिए और खेल की भावना से ही उसे देखना चाहिए, लेकिन क्या भारत और पाकिस्तान के बीच हो रहे क्रिकेट मैच को ऐसे देखा जा सकता है या देखा जाता है? क्यों भारत और पाकिस्तान के बीच मैच की घोषणा होते ही दोनों टीमों के समर्थक सीमाओं पर खड़े जवानों की तरह सतर्क होने लगते हैं। इसका एक मुख्य कारण यह है कि भारत-पाकिस्तान के बीच कोई भी खेल सिर्फ खेल नहीं होता बल्कि वह भावनात्मक एवं सम्मान से जुड़ा मुद्दा भी होता है। शनिवार को एशिया कप में बांगलादेश की जमीं पर दोनों देश एक बार फिर आमने सामने होंगें ऐसे में क्रिकेट के जानकार तो मैच से पूर्व जीत हार व टीम के मजबूत व कमजोर पक्ष का विश्लेषण कर किसी नतीजे पर पंहुचेगें ही उससे हटकर हम आपको बताते हैं कि ग्रहों की चाल से मैच का हाल क्या रह सकता है।



इस समय चूंकि भारतीय टीम की बागडोर महेन्द्र सिंह धोनी के हाथ में है तो पाकिस्तानी टीम के सरगना हैं, शाहिद अफरीदी। एस्ट्रोयोगी के ज्योतिषाचार्यों ने इन दोनों कप्तानों की जन्म कुंडलियां देखकर ग्रहों की चाल से मैच का जो हाल बताया है वो कुछ इस तरह है। 

नाम: महेन्द्र सिंह धोनी

जन्म तिथि: 7 जुलाई 1981

जन्म समय: 11:15:00

जन्म स्थान: रांची

आप भी अपनी ज्योतिषाचार्यों से अपना भविष्य जान सकते हैं। परामर्श करने के लिए अपने मोबाइल पर डाऊनलोड करें एस्ट्रोयोगी एप्प


इसके अनुसार महेन्द्र सिंह का जन्म कन्या लग्न में हुआ व उनकी चंद्र राशि कन्या है। इस समय इन पर राहू की महादशा चल रही है जिसमें अतंर्दशा में शुक्र विराजमान है। प्रत्यंतर दशा में बृहस्पति है।


इनकी कुंडली के अनुसार सभी ग्रह फिलहाल केंद्र स्थान से बाहर हैं जिससे यह योग बन रहा है कि जन्म स्थान से दूर रहकर व्यक्ति अच्छा काम करेगा। इनमें टीम का नेतृत्व करने की भरपूर क्षमता है लेकिन राहू की दशा के कारण शारीरिक कष्ट हो सकता है। शुक्र जो कि भाग्य का मालिक है इनके पंचम भाव में हैं और अपनी राशि से नवम स्थान पर चल रहा है इससे इनके भाग्य को बल मिलता है इसके साथ-साथ कर्मेश बुध भी शुक्र के साथ है जिससे इनका पक्ष और भी मजबूत होता है। लेकिन जो चीज इनके लिये चिंता का कारण बन सकती है वह है शनि का तीसरी दृष्टि से शुक्र व बुद्ध को देखना इससे कुछ अशुभ संकेत मिलते हैं। मसलन मैच के दौरान जरा सी लापरवाही किये कराये पर पानी फेर सकती है। इसलिये धोनी के भाग्य को मजबूत बनाने व जीत हासिल करने के लिये धोनी के धुरंधरों को सजग रहना होगा।

ये तो था भारतीय कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी के ग्रहों का हाल आइये अब एक नजर डालते हैं अफरीदी के सितारों पर।


नाम: शाहिद अफरीदी

जन्म तिथि: 1 मार्च 1980

जन्म समय: 12:00:00

जन्म स्थान: खाइबर पास

उपरोक्त वर्णन के अनुसार अफरीदी का लग्न वृषभ है एवं राशि सिंह है। नक्षत्र स्वामी केतु तो राशि स्वामी सूर्य है। इन पर इस समय चंद्रमा की महादशा चल रही है एवं अंतर्दशा में शुक्र है।


फिलहाल सूर्य नक्षत्र स्वामी केतु के साथ गोचर में चल रहा है जिससे इनके पक्ष में तेजी से नकारात्मक और सकारात्मक योग बनेंगें इससे अनुमान लगाया जा सकता है कि मैच कांटे की टक्कर का होगा। स्थितियां कभी पक्ष में लगेंगी तो कभी मैच हाथ से जाता लगेगा। चंद्रमा का तीसरा रहने के कारण अफरीदी उर्जा से भरपूर रहेंगें लेकिन चंद्रमा राहू के नक्षत्र में होने से इनमें डर का माहौल रहेगा। शुक्र अफरीदी के सहयोगी हैं लेकिन राहू नक्षत्र में होने से चंद्रमा का साथ इन्हें नहीं मिलेगा, जिस कारण टीम से बड़ी गलतियां होने के आसार हैं जो टीम की हार का कारण बन सकती है।


हालांकि टी-20 एवं एकदिवसीय विश्वकप मुकाबलों में भारत का पलड़ा भारी रहा है पिछले कई सालों से पाकिस्तान को जीत की दरकार है। बांग्लादेश से जीतने के बाद तो भारतीय टीम का मनोबल और भी बढा होगा। लेकिन ऐस्ट्रोयोगी के ज्योतिषाचार्यों के अनुसार ग्रहों की चाल फिलहाल कांटे की टक्कर होने की उम्मीद जता रही है। यदि धोनी के धुरंधर सजग रहे और गलतियां नहीं की तो निश्चित तौर से जीत हासिल होगी। दूसरा अहम कारण एस्ट्रोयोगी ज्योतिषाचार्य मानते हैं कि यदि यह मैच भारत के किसी मैदान पर होता तो ग्रह धोनी के विपरीत होते लेकिन चूंकि यह मैच भारत से बाहर हो रहा है तो धोनी की जीत के आसार अच्छे हैं।


ऐस्ट्रोयोगी पर अन्य लेख पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।




एस्ट्रो लेख संग्रह से अन्य लेख पढ़ने के लिये यहां क्लिक करें

बसंत पंचमी 2018 – वसंत पंचमी पर कब करें सरस्वती पूजा

बसंत पंचमी 2018 – ...

जब खेतों में सरसों फूली हो/ आम की डाली बौर से झूली हों/ जब पतंगें आसमां में लहराती हैं/ मौसम में मादकता छा जाती है/ तो रुत प्यार की आ जाती है...

और पढ़ें...
मंगल राशि परिवर्तन – क्या होगा असर आपकी राशि पर?

मंगल राशि परिवर्तन...

ज्योतिष में मंगल को वैसे तो पाप ग्रह माना जाता है। लेकिन शुभ कार्यों के लिये, जीवन में उन्नति के लिये मंगल का मंगलकारी होना भी जरुरी है। ऊर्ज...

और पढ़ें...
अमावस्या 2018 – कब-कब हैं अमावस्या तिथि

अमावस्या 2018 – कब...

अमावस्या या अमावस हिंदू कैलेंडर के अनुसार वह तिथि होती है जिसमें चंद्रमा लुप्त हो जाता है व रात को घना अंधेरा छाया रहता है। हिंदू मास को दो ह...

और पढ़ें...
पूर्णिमा 2018 – कब है पूर्णिमा व्रत तिथि

पूर्णिमा 2018 – कब...

पूर्णिमा हिंदू कैलेंडर अर्थात पंचांग की बहुत ही खास तिथि होती है। धार्मिक रूप से पूर्णिमा का बहुत अधिक महत्व माना जाता है। दरअसल पंचांग में त...

और पढ़ें...
एकादशी 2018 - कब कब हैं एकादशी तिथि

एकादशी 2018 - कब क...

हिंदू धर्म में एकादशी तिथि बहुत ही पुण्य फलदायी तिथि मानी जाती है। प्रत्येक मास में एकादशी तिथि दो बार आती है। इसके अनुसार प्रत्येक वर्ष में ...

और पढ़ें...