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साल 2017 में किस क्षेत्र में बढ़ेंगें रोजगार के अवसर


साल 2017 में किस क्षेत्र में बढ़ेंगें रोजगार के अवसर

हर साल नई उम्मीदों का साल होता है, हर साल हम कुछ सपने सजाते हैं, हर साल के बारे में कामना करते हैं कि यह साल हमारी उम्मीदों पर खरा उतरे। सपनों के पंख लगाकर हम अपनी उम्मीदों के आसमान में उड़ते हुए लक्ष्य रूपी मंजिल पर पंहुच जायेंगें। ये उम्मीदें पूरी होंगी या नहीं इसके बारे में हां या ना का कोई भी दावा नहीं किया जा सकता लेकिन ज्योतिष शास्त्र आपकी इस उलझन को अपने आकलन के आधार पर पूर्व में ही हालातों का अनुमान लगाकर उसे आसान कर देता है। आपमें से बहुत से जातक इस पड़ाव पर हैं कि उन्हें अपने करियर की दशा व दिशा इस समय तय करनी ही करनी है तो ऐसे जातकों के लिये ही एस्ट्रोयोगी ज्योतिषाचार्यों के आकलन के आधार पर यह लेख लिखा जा रहा है। इसे पढ़ने के बाद आप जान सकेंगें कि आने वाले समय में रोजगार के क्षेत्र किन क्षेत्रों में बढ़ने वाले हैं और साथ ही यह तय कर सकते हैं कि आपको अपनी रुचियों के अनुसार अब किस क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिये।

एस्ट्रोयोगी ज्योतिषाचार्यों का कहना है कि वर्ष 2017 का आरंभ कन्या लग्न से हो रहा है जिसमें बृहस्पति विराजमान हैं। बृहस्पति जो देवताओं के गुरु कहलाते हैं जिन्हें ज्ञान का, बुद्धि का कारक माना जाता है। इससे संकेत मिलता है कि 2017 में शिक्षा के क्षेत्र में यदि आप जाने के इच्छुक हैं तो रोजगार के काफी अवसर आपको उपलब्ध हो सकते हैं। भारत का राशि स्वामी इस समय मकर राशि में होने से अभिनय, संगीत, साहित्य, एवं अन्य कलात्मक व रचनात्मक क्षेत्रों में यदि आप रुचि रखते हैं और अपनी रुचिनुसार किसी कलात्मक क्षेत्र का रुख करना चाहते हैं तो 2017 आपके लिये काफी शुभ साबित हो सकता है क्योंकि कलात्मक क्षेत्रों में 2017 में रोजगार की संभावनाएं बढ़ने के आसार हैं। स्वयं का व्यवसाय भी यदि आप आरंभ करना चाहते हैं तो कलात्मक क्षेत्रों में हाथ आजमा सकते हैं सफलता मिलने के पूरे आसार हैं।

लग्नेश बुध धनु राशि राशि में वक्री होने पर जो लोग पहले से ही नौकरीशुदा हैं और कार्यस्थल पर कड़ी मेहनत कर रहे हैं तो उन्हें अपनी मेहनत का फल मिल सकता है पदोन्नति के अवसर प्राप्त हो सकते हैं। व्यवसायी जातकों के व्यापार में भी वृद्धि व धन संपदा संबंधी लाभ बढ़ने की प्रबल संभावनाएं हैं।

इस वर्ष का राशि स्वामी शनि तृतीय स्थान में विराजमान है जो कि पराक्रम का भाव कहलाता है, इसका संकेत हैं कि 2017 में कुलमिलाकर लगभग हर क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद की जा सकती है। लेकिन इन सभी अवसरों का लाभ मेहनती लोगों को ही मिलने के आसार हैं। शनि मंगल के घर में विराजमान होने से सैन्य क्षेत्रों में भी रोजगार की संभावनाएं बढ़ेंगी।

नववर्ष के आगमन पर शुक्र, मंगल व केतु भारत की वर्ष कुंडलीनुसार छठे घर व शनि राशि में हैं। ग्रहों के इस योग का अभिप्राय है कि इलेक्ट्रोनिक क्षेत्रों विशेषकर डिजिटल क्षेत्र में भी बेरोजगार युवा अपना भविष्य तलाश सकते हैं। इस क्षेत्र में भी रोजगार की संभावनाएं विकसित हो सकती हैं।

इस वर्ष की शुरुआत शुक्र मंगल केतु वर्ष कुंडली के छठे घर व शनि राशि में होने से डिजीटल प्रयोग अधिक मात्रा में होने के योग बना रहे हैं। इस क्षेत्र में भी उन्नति की अपार संभावनाएं हैं।

कहते हैं लहरों से डरकर नौका पार नहीं होती और हिम्मत करने वालों की कभी हार नहीं होती कुछ इसी तर्ज पर 2017 कह रहा है कि मेहनत करने वालों की हार नहीं होगी। यानि परिश्रमी जातक लगे रहें उन्हें इच्छित क्षेत्र में सफलता मिल सकती है।

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