चंद्र ग्रहण का राशिनुसार जानें क्या होगा असर?

ग्रहण मात्र एक खगोलीय घटना भर नहीं है बल्कि हिंदू शास्त्रों में धार्मिक रूप से भी इनकी अहमियत खास मानी जाती है। ज्योतिषशास्त्र के अनुसार तो ग्रहण के दौरान शुभ कार्यों के करने की मनाही भी होती है। इस कारण साल में आने वाले चंद्र और सूर्यग्रहण पर सब की नज़र होती है। कब यह ग्रहण लगेंगें कितनी बार लगेंगें इसकी भी सबको ख़बर होती है। साल 2019 का दूसरा चंद्रग्रहण आषाढ़ पूर्णिमा को लग रहा है। अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार यह तिथि 16-17 जुलाई को है। आइये जानते हैं ज्योतिषाचार्यों के अनुसार वर्ष के दूसरे चंद्रग्रहण का क्या प्रभाव पड़ेगा।

 

चंद्र ग्रहण – 17 जुलाई 2019

17 जुलाई को लगने वाला चंद्रग्रहण वृषभ लग्न, धनु राशि एवं उत्तराषाढ़ा नक्षत्र के प्रथम चरण में गोचररत चंद्रमा के काल में घटित हो रहा है। यहां पर चंद्रमा के साथ शनि व केतु भी विराजमान हैं। सप्तम दृष्टि से राहू भी देख भी रहे हैं जिनके साथ सूर्य विराजमान हैं। धनु राशि वालों के लिये यह विशेष रुप से प्रभावी रहने वाला है। सभी 12 राशियों पर इस चंद्र ग्रहण का क्या प्रभाव पड़ेगा आइये जानते हैं।

 

राशिनुसार चंद्रग्रहण का प्रभाव

मेष – मेष जातकों के लिये चंद्र ग्रहण आर्थिक रुप से लाभप्रद कहा जा सकता है। आपकी राशि से नवम भाव में यह ग्रहण लग रहा है। भाग्य के भरोसे न बैठें। कर्म करने में विश्वास रखें। कामकाज का दबाव रहेगा लेकिन कार्योन्नति की उम्मीद भी आप कर सकते हैं। हालांकि परिवार में किसी बात पर विवाद हो सकता है, माता की सेहत के प्रति भी आपको ध्यान देने की आवश्यकता पड़ सकती है। किसी बहुत ही करीबी दोस्त से थोड़ा सावधान रहने की आवश्यकता भी है। 

वृष – वृषभ राशि वाले जातकों के लिये अष्टम भाव में चंद्र ग्रहण सेहत के प्रति सचेत रहने का ईशारा कर रहा है। परिवार में भी किसी पितातुल्य व्यक्ति से मतभेद हो सकते हैं उनकी सेहत को लेकर भी आप चिंतित रह सकते हैं। छोटे भाई बहनों को लेकर आप थोड़ा चिंतित हो सकते हैं लेकिन साथ ही उनकी कामयाबी संबंधी शुभ समाचार भी मिल सकता है विशेषकर करियर व शिक्षा के मामले में सफलता का समाचार प्राप्त कर सकते हैं। सुदूरवर्ती क्षेत्र (विदेश) में संभावनाएं तलाश रहे छोटे भाई बहनों को विशेष रुप से सफलता मिल सकती है। आपके लिये सलाह है कि वाद-विवाद से दूर रहने का प्रयास करें।

मिथुन – आपकी राशि से सातवें स्थान पर यह ग्रहण लग रहा है जो कि आपके लिये दांपत्य जीवन में उतार-चढ़ाव के संकेत भी कर रहा है। अपने स्वास्थ्य का भी विशेष रुप से ध्यान रखने की आवश्यकता है। शारीरिक कष्ट मिल सकता है। अचानक से किसी यात्रा पर भी आपको जाना पड़ सकता है अपने आप को इस स्थिति के लिये तैयार रखें। ग्रहण के दिन दूध का सेवन न करें तो बेहतर रहेगा। गले संबंधी रोगों के प्रति भी सचेत रहें।

अपनी कुंडली के अनुसार चंद्र दोष से मुक्ति के उपाय जानने के लिये परामर्श करें एस्ट्रोयोगी ज्योतिषाचार्यों से। पंडित जी से अभी बात करने के लिये यहां क्लिक करें।

 

कर्क – चंद्रग्रहण आपकी राशि से छठे भाव में लग रहा है जिससे यह आपके लिये विशेष रुप से सतर्क रहने का समय रहेगा। मानसिक तौर पर इस समय आप तनावग्रस्त रह सकते हैं। गुप्त शत्रु से धन की हानि भी आपको उठानी पड़ सकती है। कामकाज संबंधी चिंताएं भी बढ़ने के आसार हैं। अचानक से कहीं स्थानातंरण के आदेश मिल सकते हैं। जहां तक संभव हो यात्रा से बचने का प्रयास करें। गुप्त रोग की संभावनाएं भी बन रही हैं सावधान रहें। 

सिंह – आपकी राशि से पंचम भाव में ग्रहण लग रहा है जिससे कि आप संतान, शिक्षा व रिलेशनशिप को लेकर चिंतित रह सकते हैं। व्यर्थ की बातों को लेकर मानसिक रूप से भी आप परेशान रह सकते हैं। परिवार में भी परिजनों के साथ आपसी मनमुटाव बढ़ने के आसार हैं। यात्रा के योग भी आपके लिये बन रहे हैं लेकिन जहां तक संभव हो यात्रा टालने का प्रयास करें।

कन्या – आपकी राशि से चौथे घर में ग्रहण होने से यह ग्रहण आपके लिये मिले जुले परिणाम लेकर आ सकता है। विशेषकर सुख-सुविधाओं की कमी आप महसूस कर सकते हैं। माता के स्वास्थ्य को लेकर चिंताएं बन सकती हैं। जो जातक लंबे समय से विदेश यात्रा के इच्छुक हैं उनके लिये यह बहुत सही समय है। आपके लिये सलाह है कि दुर्व्यस्नों के सेवन से थोड़ा बचकर रहें। 

तुला – तुला राशि वालों के लिये चंद्रमा को ग्रहण तीसरे स्थान यानि पराक्रम भाव में लग रहा है। स्वास्थ्य के मामले में यह समय आपके लिये थोड़ा परेशानी वाला रह सकता है। किसी बात को लेकर भय का वातावरण भी आप अपने आस पास महसूस कर सकते हैं। आत्मबल में कमी महसूस कर सकते हैं। महत्वपूर्ण निर्णय ग्रहण के दौरान न लें। पारिवारिक जीवन भी चुनौतिपूर्ण रह सकता है। 

वृश्चिक – वृश्चिक राशि वालों के लिये भी चंद्र ग्रहण दूसरे स्थान में लग रहा है। धन हानि के संकेत आपके लिये बन रहे हैं। जोखिम वाले क्षेत्र में धन निवेश न करें। पैसों के लेन-देने से भी इस समय बचकर रहें। रोमांटिक जीवन में भी ग्रहण लग सकता है। दापंत्य जीवन भी अविश्वास भरा रहने के आसार हैं। पढ़ाई लिखाई के मामलों में भी अड़चनें पैदा हो सकती हैं। आपके लिये सलाह है कि जहां तक हो सके बेवजह विवादों से बचें व धार्मिक कार्यों में रूचि लें। 

धनु – आपकी ही राशि में ग्रहण लगने से यह चंद्रग्रहण आपके लिये हानिकारक रह सकता है। विशेषकर शारीरिक कष्ट की संभावनाएं बढ़ रही हैं। व्यावसायिक रूप से भी आपको अपने प्रतिस्पर्धियों से चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। हो सकता है इस समय आपको आर्थिक तौर पर भी हानि उठानी पड़े। आपके खर्चों में भी बढ़ोतरी होने के आसार हैं। कानूनी विवादों से थोड़ा दूर रहने का प्रयास करें। 

मकर – मकर जातकों के लिये यह चंद्र ग्रहण पीड़ा देने वाला रह सकता है। विशेषकर धन निवेश के मामले में बचकर रहें हानि उठानी पड़ सकती है। खर्चों में भी बढ़ोतरी हो सकती है। रोमांटिक जीवन में आपकी खुशियों को ग्रहण लग सकता है। विवाहित दंपतियों के बीच जहां वाद-विवाद की संभावनाएं बढ़ सकती हैं वहीं अविवाहित प्रेमी जातक भी एक दूसरे को शक की निगाह से देख सकते हैं। जिन जातकों की जन्मकुंडली में भी यही ग्रहण योग है उन्हें विशेष रुप से सचेत रहने की आवश्यकता है, उनके लिये शादी का बंधन टूटने की कगार पर पंहुच सकता है। 

कुंभ – चंद्रग्रहण के दौरान कुंभ जातकों को हो सकता है अपेक्षित लाभ न मिले। लाभ घर में ग्रहण लगने से आपको नुक्सान उठाना पड़ सकता है। अपने शत्रुओं से सावधान रहने की आवश्यकता है। व्यवसाय में भी प्रतिस्पर्धी आपकी परेशानियों को बढा सकते हैं। इस दौरान यात्रा का जोखिम न ही उठाएं तो आपके लिये बेहतर रहेगा। आर्थिक तौर पर भी किसी तरह का निवेश न करें धन हानि के योग हैं। सेहत का ध्यान रखें नाजुक अंगों को बचाकर रखें गुप्त रोग की आशंका हैं। नशीले पदार्थों के सेवन से बचें।

मीन – मीन राशि वाले जातकों के लिये कर्म भाव में यह ग्रहण लग रहा है। करियर के मामले में थोड़ा सचेत रहें। कामकाज सावधानी से करें। आर्थिक तौर पर आपके खर्चों में बढ़ोतरी हो सकती है, आमदनी से अधिक खर्च आपकी चिंता को बढ़ा सकते हैं। कामकाज में देरी भी आपके मानसिक तनाव को बढ़ा सकती है। 

 

यह भी पढ़ें: चंद्र ग्रहण 2019   |   चंद्र ग्रह - कैसे हुआ जन्म पढ़ें पौराणिक कथा   |   चंद्र दोष – कैसे लगता है चंद्र दोष क्या हैं उपाय

एस्ट्रो लेख

नरेंद्र मोदी - ...

प्रधानमंत्री बनने से पहले ही जो हवा नरेंद्र मोदी के पक्ष में चली, जिस लोकप्रियता के कारण वे स्पष्ट बहुमत लेकर सत्तासीन हुए। उसका खुमार लोगों पर अभी तक बरकरार है। हालांकि बीच-बीच मे...

और पढ़ें ➜

कन्या संक्रांति...

17 सितंबर 2019 को दोपहर 12:43 बजे सूर्य, सिंह राशि से कन्या राशि में गोचर करेंगे। सूर्य का प्रत्येक माह राशि में परिवर्तन करना संक्रांति कहलाता है और इस संक्रांति को स्नान, दान और ...

और पढ़ें ➜

विश्वकर्मा पूजा...

हिंदू धर्म में अधिकतर तीज-त्योहार हिंदू पंचांग के अनुसार ही मनाए जाते हैं लेकिन विश्वकर्मा पूजा एक ऐसा पर्व है जिसे भारतवर्ष में हर साल 17 सितंबर को ही मनाया जाता है। इस दिवस को भग...

और पढ़ें ➜

पितृदोष – पितृप...

कहते हैं माता-पिता के ऋण को पूरा करने का दायित्व संतान का होता है। लेकिन जब संतान माता-पिता या परिवार के बुजूर्गों की, अपने से बड़ों की उपेक्षा करने लगती है तो समझ लेना चाहिये कि अ...

और पढ़ें ➜