खुशहाल रिश्‍ते की कुंजी है ये 7 ज्‍योतिषीय टिप्‍स

bell icon Sat, May 07, 2022
टीम एस्ट्रोयोगी टीम एस्ट्रोयोगी के द्वारा
7 Astrology Tips for Love Relationship: इन ज्योतिषीय टिप्सों से बनेगा रिलेशनशिप खुशहाल

क्या आप जानते हैं कि ज्योतिष आपके रिलेशनशिप को स्वस्थ और खुशहाल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है? इन सरल ज्योतिषीय टिप्स से बनेगा आपका रिश्ता मज़बूत,जानने के लिए आगे पढ़े। 

आज के समय में खुशहाल, प्रेमपूर्ण एवं आनंदमय रिलेशनशिप सबका सपना होता है, लेकिन कई चुनौतियां और गलतफहमियां रिश्ते को प्रभावित करती हैं। किसी भी रिश्ते के लिए प्यार और सम्मान सबसे महत्वपूर्ण चीज़ें हैं, परन्तु वाद-विवाद और बहस रिलेशनशिप को ख़राब करने की क्षमता रखता है। ये आपकी मानसिक शांति को भंग करके आपको निराशा की तरफ ले जाता हैं। एक स्वस्थ रिश्ते को कायम रखना आसान काम नहीं है, लेकिन खुशहाल रिलेशनशिप के लिए उतार-चढ़ावों से कैसे निपटें? कैसे बनाए रिलेशनशिप को मधुर? अगर आप भी बनाना चाहते है रिश्ते को मधुर, तो ये ज्योतिषीय टिप्स करेंगे आपकी सहायता। 

प्रेम, विवाह, पारिवारिक और रिलेशनशिप सम्बंधित समस्याओं के लिए चाहते है लेना ज्योतिषीय मार्गदर्शन? संपर्क करें एस्ट्रोयोगी ज्योतिषियों से। 

रिलेशनशिप को मज़बूत और आनंदमय बनाने के लिए ये 7 ज्योतिषीय टिप्स आएंगे आपके काम:

किसी भी रिलेशनशिप को बरक़रार बनाए रखने के लिए रिश्ते का मज़बूत और खुशहाल होना अतिआवश्यक है।  यदि किसी व्यक्ति का विवाह या रिलेशनशिप अच्छा नहीं चल रहा है, तो यह आपके रिश्ते के लिए हानिकारक हो सकता है। तनावपूर्ण और समस्याओं से भरे रिलेशनशिप में रहना आपके चेहरे की मुस्कान छीन सकता है।

ज्योतिष के अनुसार, ग्रह-नक्षत्र आपके प्रेम जीवन और रिलेशनशिप को काफ़ी हद तक प्रभावित कर सकते हैं। ग्रहों की स्थिति आपकी कुंडली के भाव, विशेष रूप से 5वें और 7वें भाव, शुभ और अशुभ ग्रहों की चाल, दशा आदि आपके प्रेम जीवन को प्रभावित करती हैं। यही कारण है कि ज्योतिष आपके रिलेशनशिप से जुड़े किसी भी सवाल का जवाब दे सकता है। इसके अलावा, ज्योतिष कई आसान उपाय प्रदान करता है जो आपके रिश्ते को मजबूत, खुशहाल और स्वस्थ बनता हैं।

यह भी पढ़ें : कुंडली में विवाह योग

एक स्वस्थ, प्रेमपूर्व और खुशहाल रिलेशनशिप के लिए नीचे दिए गए ज्योतिषीय टिप्स को अपनाएं:

  1. मंत्र जप: ज्योतिष के सबसे शक्तिशाली उपायों में से एक मंत्र जप है। रिलेशनशिप या प्रेम जीवन से संबंधित किसी भी समस्या को दूर करने के लिए मंत्र का जाप करना काफ़ी प्रभावी होता है। यदि आप अपने रिश्ते में भावनात्मक स्थिरता चाहते हैं और हमेशा अपने प्यार के करीब रहना चाहते हैं, तो आप निरंतर तीन महीने तक देवी लक्ष्मी और भगवान विष्णु के सामने "ॐ लक्ष्मीनारायण नमः" का तीन बार जाप करें। 108 मनकों की माला से मंत्र का जाप करना चाहिए।

  2. शुक्र को करें मज़बूत: ज्योतिष के अनुसार, नवग्रहों में शुक्र ग्रह प्रेम और रोमांस का प्रतिनिधित्व करता है। शुक्र व्यक्ति के जीवन के प्रेम संबंधों और रिलेशनशिप को नियंत्रित करता है इसलिए कुंडली में शुक्र की स्थिति का मजबूत होना आवश्यक है। श्रावण मास के दौरान कुंवारी कन्याओं को हरे रंग की चूड़ियां पहननी चाहिए, साथ ही श्रावण माह के प्रत्येक गुरुवार को सफेद वस्त्र धारण करने चाहिए। ये दोनों रंग शुक्र का प्रतिनिधित्व करते हैं।

  3. शिव करेंगे संकट दूर: विष्णु-लक्ष्मी मंत्र के अतिरिक्त आपको रिलेशनशिप की बेहतरी के लिए एक और मंत्र लाभ पहुंचा सकता है, वह मंत्र है "शिव-शिव रटे, संकट कटे," इसका प्रतिदिन 5 माला जाप करें। भगवान शिव के मंदिर में इस मंत्र का जाप करना सर्वोत्तम होता है, क्योंकि ऐसा करने से आपके रिश्ते और प्रेम जीवन में उत्पन्न सभी विवादों और संघर्षों का समाधान होता है। आप अगले 21 दिनों तक इन मंत्रों का जप करें।

  4. काले रंग से करें परहेज़: अगर आप किसी से प्यार करते हैं, तो आपको अपने पार्टनर को काले रंग के उपहार देने से बचना चाहिए। काला रंग अशुभ माना जाता है; इसलिए इससे नकारात्मकता में वृद्धि होती हैं। इसके अतिरिक्त, कभी भी कोई नुकीली चीज गिफ्ट में न दें क्योंकि वे आपके प्रेम जीवन को नकारात्मक रूप से प्रभावित करती हैं। ऐसी चीजें गिफ्ट करने से व्यक्ति के साथ आपका रिश्ता खराब होता है।

  5. दीपक से होगा रिश्ता रोशन: अगर आपका रिलेशनशिप उतार-चढ़ाव से गुज़र रहा है, स्थितियां आपके नियंत्रण से बाहर है, तो ऐसे में अपने पार्टनर के नाम का एक दीपक जलाएं और इसे अपने घर के दक्षिण-पश्चिम कोने में रखें। ऐसा करना आपके रिलेशनशिप के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है।

  6. शिव-पार्वती का पूजन: प्रेम के प्रतीक भगवान शिव और माँ पार्वती की पूजा करना, किसी भी रिश्ते से समस्याओं को दूर करने और रिलेशनशिप को टूटने से बचाने के लिए प्रभावी ज्योतिषीय उपाय है। माँ पार्वती और शिव जी की पूजा करना रिश्ते के लिए लाभदायी होता है। शिव जी एवं देवी पार्वती आपकी जन्म कुंडली में सूर्य और चंद्रमा को दर्शाते हैं। जब आप इनकी पूजा करते हैं, तो ऐसा माना जाता है कि यह आपके 5वें घर को मजबूत करता है जो आपके प्रेम संबंधों में स्थिरता लाता है।

  7. पूर्णिमा से होगा रिश्ते में सुधार: अगर आपके रिलेशनशिप में रोज़ तनाव, लड़ाई-झगड़ा रहने लगा है और आपको इसका कोई भी समाधान नहीं मिल रहा है, तो पूर्णिमा आपके लिए सहायक हो सकती है। आपको पूर्णिमा के दिन अपने जीवनसाथी से मिलना चाहिए जिससे आप प्यार करते हैं क्योंकि ऐसा माना जाता है कि यह आप दोनों के रिश्ते को मजबूत बनाता है।

यह भी पढ़ें : कुंडली में प्रेम योग

अपने रिश्ते को किसी भी तरह की समस्या या परेशानी से बचाने का सबसे अच्छा उपाय है कि आप अपने पार्टनर को और उसकी भावनाओं को समझें। अपने साथी के साथ किसी भी तरह के विवाद में पड़ने से बेहतर है कि आप शांत रहे। 

प्रेम जीवन और रिलेशनशिप में आने वाली समस्याओं का चाहते है समाधान? तो परामर्श करें एस्ट्रोयोगी ज्योतिषियों से। 

✍️ By- टीम एस्ट्रोयोगी

chat Support Chat now for Support
chat Support Support