Skip Navigation Links
पूर्णिमा 2018 – कब है पूर्णिमा व्रत तिथि


पूर्णिमा 2018 – कब है पूर्णिमा व्रत तिथि

पूर्णिमा हिंदू कैलेंडर अर्थात पंचांग की बहुत ही खास तिथि होती है। धार्मिक रूप से पूर्णिमा का बहुत अधिक महत्व माना जाता है। दरअसल पंचांग में तिथियों का निर्धारण चंद्रमा की चढ़ती उतरती कलाओं के आधार पर किया गया है जिस तिथि को चंद्रमा अपने पूरे आकार में दिखाई देता है वह तिथि पूर्णिमा कहलाती है। एवं जिस तिथि को चंद्रमा दिखाई ही नहीं देता वह तिथि अमावस्या कहलाती है। अमावस्या पश्चात पड़ने वाली तिथि को चंद्र दर्शन की तिथि माना जाता है चंद्र दर्शन से पूर्णिमा तक के पूरे पखवाड़े को शुक्ल पक्ष कहा जाता है। पूर्णिमा का एक महत्व यह भी है कि इस दिन पूर्णिमांत माह की समाप्ति भी होती है।


पूर्णिमा का महत्व

पूर्णिमा तिथि हिंदू धर्म में बहुत मायने रखती है। बुध, कबीर, रैदास जैसी महान आत्माओं से लेकर रक्षाबंधन, होली जैसे त्यौहार भी पूर्णिमा तिथि पर ही मनाये जाते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार भी इस तिथि को महत्वपूर्ण माना जाता है। चंद्रमा को मन का कारक माना जाता है। इस दिन चूंकि चंद्रमा अपने पूरे आकार में होता है इसलिये जातकों के मन पर चंद्रमा का प्रभाव पड़ता है। वैज्ञानिक दृष्टि से भी देखें तो पूर्णिमा तिथि की अहमियत होती है। इस दिन समुद्रों में ज्वारभाटा आता है। चंद्रमा पानी को आकर्षित करता है। मनुष्य के शरीर में भी 70 फीसदी पानी होता है। इसलिये मनुष्य के स्वभाव में भी इस दिन परिवर्तन आता है।


2018 में कब-कब हैं पूर्णिमा तिथि

हिंदू वर्ष कैलेंडर के अनुसार प्रत्येक मास में एक पूर्णिमा तिथि होती है। इस प्रकार 12 महीनों में 12 तिथियां पूर्णिमा की होती हैं। वर्ष 2018 में पूर्णिमा की तिथियां इस प्रकार हैं-

पौष पूर्णिमा (माघ स्नान) – 1 जनवरी 2018 (मंगलवार)

माघ पूर्णिमा (रविदास जयंती, चंद्रग्रहण) – 31 जनवरी 2018 (बुधवार)

फाल्गुन पूर्णिमा (होली) – 01 मार्च 2018 (बृहस्पतिवार)

चैत्र पूर्णिमा (हनुमान जयंती) – 31 मार्च 2018 (शनिवार)

वैशाख पूर्णिमा (बुद्ध जयंती) – 29 अप्रैल 2018 (रविवार)

ज्येष्ठ पूर्णिमा (वट पूर्णिमा) – 29 मई 2018 (मंगलवार)

ज्येष्ठ पूर्णिमा (वट पूर्णिमा) – 27 जून 2018 (बुधवार)

आषाढ़ पूर्णिमा (गुरु पूर्णिमा, चंद्रग्रहण) – 27 जुलाई 2018 (शुक्रवार)

श्रावण पूर्णिमा (रक्षाबंधन) – 26 अगस्त 2018 (रविवार)

भाद्रपद पूर्णिमा – 24 सितंबर 2018 (सोमवार)

आश्विन पूर्णिमा (शरद पूर्णिमा) – 24 अक्तूबर 2018 (बुधवार)

कार्तिक पूर्णिमा (गुरु नानक जयंती) – 22 नवंबर 2018 (बृहस्पतिवार)

मार्गशीर्ष पूर्णिमा (दत्तात्रेय जयंती) – 22 दिसंबर 2018 (शनिवार)


पूर्णिमा उपवास से लाइफ में कैसे सुख समृद्धि में वृद्धि होगी । एस्ट्रोयोगी पर इंडिया के बेस्ट एस्ट्रोलॉजर्स से परामर्श करें।

यह भी पढ़ें

 पूर्णिमा 2018   |   एकादशी 2018   |   हिंदू पंचांग मास 2018   |   गुरु पूर्णिमा 2018   |   बुद्ध पूर्णिमा 2018   |   शरद पूर्णिमा 2018




एस्ट्रो लेख संग्रह से अन्य लेख पढ़ने के लिये यहां क्लिक करें

शुक्र मार्गी - शुक्र की बदल रही है चाल! क्या होगा हाल? जानिए राशिफल

शुक्र मार्गी - शुक...

शुक्र ग्रह वर्तमान में अपनी ही राशि तुला में चल रहे हैं। 1 सितंबर को शुक्र ने तुला राशि में प्रवेश किया था व 6 अक्तूबर को शुक्र की चाल उल्टी हो गई थी यानि शुक्र वक्र...

और पढ़ें...
वृश्चिक सक्रांति - सूर्य, गुरु व बुध का साथ! कैसे रहेंगें हालात जानिए राशिफल?

वृश्चिक सक्रांति -...

16 नवंबर को ज्योतिष के नज़रिये से ग्रहों की चाल में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव हो रहे हैं। ज्योतिषशास्त्र के अनुसार ग्रहों की चाल मानव जीवन पर व्यापक प्रभाव डालती है। इस द...

और पढ़ें...
कार्तिक पूर्णिमा – बहुत खास है यह पूर्णिमा!

कार्तिक पूर्णिमा –...

हिंदू पंचांग मास में कार्तिक माह का विशेष महत्व होता है। कृष्ण पक्ष में जहां धनतेरस से लेकर दीपावली जैसे महापर्व आते हैं तो शुक्ल पक्ष में भी गोवर्धन पूजा, भैया दूज ...

और पढ़ें...
गोपाष्टमी 2018 – गो पूजन का एक पवित्र दिन

गोपाष्टमी 2018 – ग...

गोपाष्टमी,  ब्रज  में भारतीय संस्कृति  का एक प्रमुख पर्व है।  गायों  की रक्षा करने के कारण भगवान श्री कृष्ण जी का अतिप्रिय नाम 'गोविन्द' पड़ा। कार्तिक शुक्ल ...

और पढ़ें...
देवोत्थान एकादशी 2018 - देवोत्थान एकादशी व्रत पूजा विधि व मुहूर्त

देवोत्थान एकादशी 2...

देवशयनी एकादशी के बाद भगवान श्री हरि यानि की विष्णु जी चार मास के लिये सो जाते हैं ऐसे में जिस दिन वे अपनी निद्रा से जागते हैं तो वह दिन अपने आप में ही भाग्यशाली हो ...

और पढ़ें...