23 मई से शनि चलेंगे उल्टी चाल, 12 राशियों का कैसा होगा हाल? जानिए

21 मई 2021

जैसा कि हम जानते हैं कि शनि को न्याय का देवता माना जाता है। वैदिक ज्योतिष में शनि का एक विशेष स्थान है। इसे कर्म फल दाता कहा जाता है। यानी कि शनि आपको आपके कर्मों का फल देते हैं। जैसा कर्म वैसा फल। ऐसे में शनि का वक्री अवस्था में आना सभी राशिओं के लिए कुछ न कुछ परिणाम देने वाला है। साल 2021 में 23 मई रविवार के दिन दोपहर 2 बजकर 53 मिनट पर शनि मकर राशि में वक्री हो रहे हैं, जिसका असर सभी राशि के जातकों पर पड़ने वाला है। ज्योतिष में शनि की उल्टी चाल को हमेशा से अशुभ माना गया है इस बार शनि 141 दिन तक उल्टी चाल चलेंगे। इस अवधि के दौरान धनु, मकर और कुंभ राशियों पर शनि की साढ़ेसाती और मिथुन एवं तुला राशि पर शनि की ढैय्या चलेगी। तो आइये जानते हैं एस्ट्रोयोगी ज्योतिषी से शनि के वक्री होने पर 12 राशियों पर कैसा प्रभाव पड़ेगा। 

 

कुंडली के अनुसार शनि की दशा आप पर कैसी चल रही है इसके लिये एस्ट्रोयोगी पर इंडिया के बेस्ट एस्ट्रोलॉजर्स से परामर्श करें।

 

  • मेष राशि

शनि आपके दसवें भाव में वक्री होंगे। इस दौरान आपके कार्यों में बाधा आएगी और कार्यों में सफलता के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ेगा। किसी भी नये काम को करने से पहले सोच-विचार अवश्य कर लें।

  • वृषभ राशि

शनि आपके नौवें भाव में वक्री होंगे। आपके अपने पिता के साथ संबंध अच्छे नहीं रहेंगे लेकिन किसी भी भाषा को सीखने के लिए यह उत्कृष्ट समय है।

  • मिथुन राशि

शनि आपके आठवें भाव में वक्री होंगे। आपको अपने निवेश में नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। आपको किसी भी बुरी आदत से बचना चाहिए।

  • कर्क राशि

शनि आपके सातवें भाव में वक्री होंगे। आप पुराने गठबंधन को वापस से जोड़ सकते हैं और उनके साथ एक व्यापारिक संबंध का पुनर्निर्माण कर सकते हैं। पार्टनर के साथ संबंध मधुर बने रहेंगे। परिजनों से विवाद होने की संभावना है।

  • सिंह राशि

शनि आपके छठें भाव में वक्री होंगे। आपको अपनी पिछली कंपनी से नौकरी का प्रस्ताव मिल सकता है, लेकिन कार्य में अधिकता ना दिखाएं। सेहत खराब हो सकती है। धन खर्च होने की संभावना है।

  • कन्या राशि

शनि आपके पंचम भाव में वक्री होंगे। आपके और आपके प्रेमी के बीच गलतफहमी पैदा हो सकती है, इसलिए सावधान रहें। नौकरी छूट सकती है या असुरक्षा पैदा हो सकती है। आपको सलाह दी जाती है कि लड़ाई-झगड़े से बचें।

  • तुला राशि

शनि आपके चतुर्थ भाव में वक्री होंगे। आप अपनी मां की सेहत का ख्याल रखें। घर पर अप्रत्याशित खर्च आपके बजट को बिगाड़ सकता है।

  • वृश्चिक राशि

शनि आपके तीसरे भाव में वक्री होंगे। आप अपने घर से दूर कहीं भी फंस सकते हैं। आप शारीरिक और मानसिक तौर पर थक सकते हैं। आपकी वित्तीय स्थिति ठीक नहीं रहेगी।

  • धनु राशि

धनु राशि में शनि दूसरे भाव में वक्री होंगे। भविष्य के लिए अपनी वित्तीय योजनाओं के बारे में सोचने का समय है, क्योंकि वित्तीय असुरक्षाएं आपको बुरी तरह परेशान कर सकती हैं।

  • मकर राशि

शनि आपकी राशि में ही वक्री होने जा रहे हैं। ऐसे में आप फ़िल्टर्ड तरीके से सोचना शुरू कर सकते हैं जिसकी वजह से निर्णय लेने की गति धीमी पड़ जाएगी। आप अपने परिवार के साथ समय जरूर बिताएं। 

  • कुंभ राशि

शनि आपके बारहवें भाव में वक्री होंगे। इस दौरान मानसिक अशांति बनी रहेगी और आप स्वयं को ऊर्जावान महसूस नहीं करेंगे। सकारात्मक और ऊर्जावान महसूस करने के लिए मेडिटेशन करें।

  • मीन राशि

शनि आपके ग्यारहवें भाव में वक्री होंगे। आप किसी रियूनियन पार्टी में जा सकते हैं। आपके मित्र के माध्यम से कोई व्यवसाय योजना आपके पास आ सकती है, और आप एक साथ काम कर सकते हैं। इस अवधि के दौरान धन खर्च करते समय सोच-विचार अवश्य करें। परिजनों के साथ क्वालिटी टाइम बिताएं। 

 

शनि के अशुभ प्रभाव को दूर करने के उपाय

  • प्रत्येक शनिवार को शनि मंदिर में सरसों का तेल अर्पित करें।
  • ऊं प्रां प्रीं प्रौं स: शनैश्चराय नम: मंत्र का जाप करें।
  • ऊं ऐं ह्लीं श्रीशनैश्चराय नम: मंत्र का जाप करें।

 

यह भी पढ़ें

शनि परिवर्तन – किस पर लगेगी ढ़ैय्या तो किसकी पार लगेगी नैय्या?   |   शनिदेव - कैसे हुआ जन्म और कैसे टेढ़ी हुई नजर   |   शनिदेव - क्यों रखते हैं पिता सूर्यदेव से वैरभाव   |   शनि शिंगणापुर मंदिर   |   शनि जयंती 2021 | शनि दोष – जब पड़े शनि की मार करें यह उपचार   |   शनि त्रयोदशी - प्रदोष व्रत कथा व पूजा विधि   |   जानें शनि दोष से मुक्ति के अचूक उपाय

एस्ट्रो लेख

बृहस्पति का कुंभ राशि में वक्री होने पर कैसे पड़ेगा 12 राशियों पर प्रभाव? जानिए

मिथुन संक्रांति - मिथुन राशि में आयेंगें सूर्य क्या रहेगा राशिफल

साल 2021 में कब और कितने सूर्य ग्रहण पड़ेंगे? जानिए

कर्क राशि में मंगल गोचर – नीच के मंगल कर सकते हैं अमंगल

Chat now for Support
Support