सूर्य गोचर 2020

सूर्य पूरी दुनिया को अपने प्रकाश के जगमगाने वाले ग्रह हैं। विज्ञान भले सूर्य को एक स्थिर ग्रह मानता हो लेकिन ज्योतिष शास्त्र में सूर्य को हमेशा सीधी चाल चलने वाला ग्रह माना जाता है। राशि चक्र की पांचवी राशि सिंह के स्वामी सूर्य ऊर्जा के कारक माने जाते हैं। इन्हें आत्मा का कारक भी माना जाता है। इसलिये सूर्य का अच्छा होना जातक के आत्मबल में भी वृद्धि करता है। पिता का कारक भी सूर्य को ज्योतिष में माना जाता है। कुंडली में बहुत सारे महत्वपूर्ण योग भी सूर्य अन्य ग्रहों के साथ युति करके बनाते हैं। राहू की संगति इन्हें ग्रहण भी लगाती है। नवग्रहों में बात करें तो चंद्रमा, मंगल व गुरु इनके मित्र ग्रह हैं जबकि राहू, केतु, शुक्र व शनि के साथ इनकी खास नहीं बनती। बुध के साथ ये समभाव रखते हैं।

राशि चक्र की एक राशि में लगभग एक महीने तक रहते हैं। इसी कारण हिंदू पंचांग मास का निर्धारण भी सूर्य की चाल पर होता है। तिथि का आरंभ भी सूर्योदय से ही मानते हैं। सूर्य के एक राशि से दूसरी राशि में परिवर्तन को संक्रांति कहा जाता है। मकर राशि में सूर्य जब प्रवेश करते हैं तो यह समय स्नान-दान पुण्य आदि के लिये बहुत ही शुभ माना जाता है। मकर संक्रांति को बड़े स्तर पर पर्व के रूप में मनाया जाता है। इसे उत्तरायण भी कहते हैं। यहीं से शुभ समय की शुरुआत भी मानी जाती है। मिथुन राशि के पश्चात दक्षिणायन में हो जाते हैं। तुला राशि में ये नीच के होते हैं तो मेष राशि में उच्च के। इस तरह सूर्य एक बहुत ही प्रभाव शाली ग्रह हैं। जो भी ग्रह सूर्य के समीप आते हैं उन्हें अस्त माना जाता है यानि उनका अपना कोई प्रभाव नहीं रह जाता है। उनके प्रभाव से युक्त सूर्य जातकों के जीवन को बहुत प्रभावित करते हैं। बुध के साथ आने पर बुधादित्य योग बनता है जिसे बहुत ही सौभाग्यशाली माना जाता है। जातक के स्वास्थ्य पर सूर्य का बहुत असर होता है। वैसे तो सूर्य की गिनती पाप ग्रहों में होती है। लेकिन क्रूर ग्रहों की दृष्टि पड़ने या उनके साथ आने से ही सूर्य नेगेटिव प्रभाव छोड़ते हैं। अन्यथा जातक के जीवन पर सूर्य काफी अच्छा प्रभाव डालते हैं।

ग्रह गोचर के इस पेज पर आप इस वर्ष सूर्य कब कब राशि परिवर्तन कर रहे हैं इसकी पूरी जानकारी आपको मिलेगी। सूर्य के राशि परिवर्तन को संक्रांति कहा जाता है।

आपकी कुंडली के अनुसार ग्रहों की दशा क्या कहती है, जानें एस्ट्रोयोगी ज्योतिषाचार्यों से। अभी परामर्श करें।
धनु से मकर 15 जनवरी 2020 02:23 पूर्वाह्न
मकर से कुंभ 13 फरवरी 2020 03:18 अपराह्न
कुंभ से मीन 14 मार्च 2020 12:09 अपराह्न
मीन से मेष 13 अप्रैल 2020 08:39 अपराह्न
मेंष से बृषभ 14 मई 2020 05:33 अपराह्न
बृषभ से मिथुन 15 जून 2020 12:10 पूर्वाह्न
मिथुन से कर्क 16 जुलाई 2020 11:03 पूर्वाह्न
कर्क से सिंह 16 अगस्त 2020 07:27 अपराह्न
सिंह से कन्या 16 सितम्बर 2020 07:23 अपराह्न
कन्या से तुला 17 अक्तूबर 2020 07:22 पूर्वाह्न
तुला से वृश्चिक 16 नवम्बर 2020 07:10 पूर्वाह्न
वृश्चिक से धनु 15 दिसम्बर 2020 09:48 अपराह्न

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