Skip Navigation Links
बुध का राशि परिवर्तन – 18 जून को वृषभ से मिथुन में जायेंगें बुध जानें राशिफल


बुध का राशि परिवर्तन – 18 जून को वृषभ से मिथुन में जायेंगें बुध जानें राशिफल

वाणी के कारक बुध का परिवर्तन ज्योतिष शास्त्र के नज़रिये से काफी अहम माना जाता है। लग्न के अनुसार बुध जिस लग्न से जिस भाव में गोचररत होते हैं उस के अनुसार सकारात्मक व नकारात्मक परिणाम देने वाले होते हैं। बुध का परिवर्तन 18 जून को रात्रि 10 बजकर 58 मिनट पर हो रहा है। ऐसे बुध आपकी राशि पर क्या प्रभाव डालेंगें आइये जानते हैं।

मेष

मेष राशि से बुध का परिवर्तन पराक्रम भाव में हो रहा है जो कि आपके कार्य में कुछ दिनों तक फिजूल की भागदौड़ को कम करेगा और सूर्य के साथ बुधादित्य युति होने से आपके पराक्रम को निखारने का भी योग बनायेगा। आपको नाम व पहचान भी दे सकता है। शत्रु और रोग से सतर्क रहें।

वृषभ

वृषभ राशि से बुध का परिवर्तन द्वितीय भाव में हो रहा है जो कि अचानक धन का योग भी बनाता है। अष्टम दृष्टि रहने से स्वास्थ्य में चिंताए दे सकता है। धन भाव में बुधादित्य युति होने से बड़े लाभ के संकेत भी बन रहे हैं। प्रेम संबंधों में मधुरता आयेगी। लंबे समय से चली आ रही दूरियां मिट सकती हैं।

मिथुन

मिथुन राशि में बुध का प्रवेश स्वराशि प्रवेश है। मन और बुद्धि में नया ओज़ नई चमक दिखाई देगी। कार्य करने में मन लगा रहेगा। इस समय अपनी वाणी के प्रभाव से आप किसी का भी दिल जीत सकते हैं। किसी भी क्षेत्र में आपकी बात को ऊपर रखा जाएगा। दांपत्य जीवन में भी कुछ समय तक मधुरता बनी रहने के संकेत हैं। माता के प्रेम व सुख में वृद्धि होगी।

कर्क

कर्क राशि से बुध का परिवर्तन 12वां है। पिछले कुछ समय से आपके अत्यधिक खर्चे हो रहे होंगे, धन हानि का जो योग बना हुआ था उसमें कमी आयेगी। नेत्र संबंधी रोगों से सावधान रहें। पराक्रम भाव के स्वामी होने के कारण कार्य में आलस्य बना रहेगा जो कि आपके कार्य करने की क्षमता को प्रभावित कर सकता है।

सिंह

सिंह राशि में बुध का परिवर्तन लाभ भाव में हो रहा है। आपके अचानक रूके हुए कार्य बनने लगेंगें। मेहनत व लाभ में चार चांद लगने का संयोग है। कार्यक्षेत्र में आप पर कार्यभार बढ़ सकता है। जिसको पूर्ण करने के बाद भविष्य में उच्च सफलताओं के संकेत हैं। स्वास्थ्य संबंधी ध्यान भी रखें।

कन्या

कन्या राशि से बुध का परिवर्तन दशम घर में हो रहा है जो कि आपका कर्म भाव है। कार्यक्षेत्र में लंबे समय से बड़े अधिकारियों का दबाव कुछ समय के लिये कम हो सकता है और आपको इससे लाभ मिलने की संभावनाएं भी हैं। शारीरिक सुख का योग भी बन रहा है।

तुला

तुला राशि से बुध का परिवर्तन भाग्य स्थान में हो रहा है। भाग्य स्थान में बुधादित्य योग बनने से भाग्यवर्धक समय माना जा रहा है। लंबे समय से जीवन में बंधन महसूस कर रहे थे उस बंधन से भी आपको मुक्ति मिल सकती है। धन व्यय होने का संकेत है। कोई परिपूर्ण जानकारी के बाद ही धन खर्च करें अन्यथा भविष्य में इसका खामियाज़ा भुगतना पड़ सकता है।

वृश्चिक

वृश्चिक राशि से बुध का परिवर्तन आठवें घर में हो रहा है। पारिवारिक कलह और शारीरिक कष्ट में आराम मिलने के संकेत हैं। लाभ घर का स्वामी अष्टम भाव में जाने से कुछ समय तक लाभ की आशा न करें। वाणी और विचार में संयम रखें और कार्य में भी धैर्य बनाये रखें। कुछ समय बाद आपका जीवन सामान्य बना रहेगा।

धनु

धनु राशि से बुध का परिवर्तन सप्तम घर में हो रहा है। दांपत्य जीवन मे चल रहे उथल पुथल किसी तीसरे व्यक्ति के हस्तक्षेप से पारिवारिक वातावरण शांतिमय बना रहेगा। कार्यक्षेत्र में लंबें समय से उन्नति न होने से जो दबाव महसूस कर रहे थे वह दबाव भी हट जायेगा। रोगों से सचेत रहें।

मकर

मकर राशि से बुध का परिवर्तन छठे घर में हो रहा है जो कि आपका रोग भाव है। गुप्त शत्रुओं व रोगों से सचेत रहें। भाग्य का स्वामी छठे घर में जाने से कुछ समय तक भाग्य का सहयोग भी हो सकता है आपको न मिले जिससे आपको अपने कर्म पर ही ध्यान देने की आवश्यकता होगी। प्रेमी से भी अच्छा व्यवहार बनाये रखें अन्यथा उसके दूर जाने के आसार भी हैं।

कुंभ

कुंभ राशि से बुध का परिवर्तन पांचवें घर में होगा। प्रेम के लिये आशावान जातकों के लिये यह समय शुभ रहने के आसार हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं में सफल होने का शुभ संकेत है। लाभ का योग भी बनेगा। यात्राओं में सावधानी बरतें।

मीन

मीन राशि से बुध का परिवर्तन चतुर्थ भाव में हो रहा है। मकान वाहन और पारिवारिक सुख का योग बन रहा है। लंबे समय से यदि परिवार से दूर हैं तो परिवार के साथ समय बिताने का अवसर भी मिल सकता है। दांपत्य जीवन में भी खुशियां बनी रहने के आसार हैं। पेट संबंधी रोगों का ध्यान रखें।

आपकी कुंडली के अनुसार बुध ग्रह आपके लिये किस तरह लाभकारी हो सकते हैं जानने के लिये एस्ट्रोयोगी पर देश के प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्यों से परामर्श करें। अभी बात करने के लिये यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़ें

बुध गोचर – बुध का परिवर्तन मेष से वृषभ राशि में   |   मीन से मेष में दाखिल हुए बुध जानें राशिफल   |   बुध बदलेंगे राशि - कुंभ से मीन में होगा बुध का गोचर

बुध कैसे बने चंद्रमा के पुत्र ? पढ़ें पौराणिक कथा   |   वक्री हुए बुध क्या पड़ेगा प्रभाव?




एस्ट्रो लेख संग्रह से अन्य लेख पढ़ने के लिये यहां क्लिक करें

नरक चतुर्दशी 2017 - क्यों कहते हैं छोटी दिवाली को नरक रूप या यम चतुदर्शी

नरक चतुर्दशी 2017 ...

कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी यानि अमावस्या से पूर्व आने वाला दिन जिसे हम छोटी दिवाली के रूप में मनाते हैं। क्या आप जानते हैं इस दिन ...

और पढ़ें...
दीपावली पूजन विधि और शुभ मूहूर्त

दीपावली पूजन विधि ...

दीपावली प्रकाश का त्यौहार हैं जो यह सीख देता हैं कि व्यक्ति के जीवन में सुख दुःख सदैव आता-जाता रहता है।  इसलिए मनुष्य को वक्त की दिशा में आगे...

और पढ़ें...
दिवाली पर यह पकवान न खाया तो क्या त्यौहार मनाया

दिवाली पर यह पकवान...

सामाजिक, सांस्कृतिक और धार्मिक रीति-रिवाज़ों, परंपराओं के तहत मनाये जाने वाले उत्सवों को त्यौहार कहा जाता है। भागदौड़ और व्यस्तताओं भरी जीवनश...

और पढ़ें...
गोवर्धन  2017 - गोवर्धन पूजा  कथा और शुभ मुहूर्त

गोवर्धन 2017 - गो...

दिवाली के पर्व के बाद कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा को गोवर्धन पूजा का पर्व मनाया जाता है। आमतौर पर यह पर्व अक्सर दिवाली के आगामी दिव...

और पढ़ें...
भैया दूज 2017 - भैया दूज पूजा मुहूर्त और व्रत कथा

भैया दूज 2017 - भै...

भाई-बहन के प्रेम, स्नेह का प्रतीक भैया दूज दिवाली के जगमगाते पर्व के दो दिन बाद मनाया जाता है| भारत में ‘रक्षा बंधन` के अलावा यह दूसरा पर्व ह...

और पढ़ें...