2019 लोकसभा चुनाव का परिणाम

2019 लोकसभा चुनाव का परिणाम


2019 लोकसभा चुनाव की घोषणा के बाद आगामी देढ़ माह में चुनावी प्रचार के दौरान नेताओं द्वारा शक्ति का खूब प्रदर्शन किया जाना है। चुनावी सभाओं में भाषण व बयानबाजी से मतदाताओं का ध्यान अकर्षित करने का प्रयास भी किया जाएगा। इस दौरान कई वादे किए जाएंगे और नेता अपनी उपलब्धि व कामों को जनता के सामने पेश करेंगे। सातों चरणों के मतदान पूरा होने तक खूब शोर-शराबा होने वाला है। इन राजनताओं के वादों और कामों पर जनता ने कितना भरोसा जताया है और किसे अपना नेता चुना है यह जानने के लिए हमें चुनाव परिणाम दिनांक 23 मई तक का इंतजार करना होगा। लेकिन 2019 लोकसभा चुनाव का परिणाम दिवस सभी बारह राशियों के राजनेताओं के लिए कैसा रहने वाला है, इनके ग्रह इनका कितना साथ देंगे। इस बारे में एस्ट्रोयोगी एस्ट्रोलॉजर ने इनकी राशि के अनुसार इस दिन इनके ग्रहों की दशा का आकलन कर कुछ संकेत दिए हैं जिसे हम आप के साथ साझा कर रहे हैं।

चुनाव परिणाम तिथि के अनुसार सभी राशियों का राजनीतिक राशिफल

मेष राशि
इस राशि के जातको की राशि मेष से चंद्रमा भाग्य के स्थान में विषयोग बना रहे हैं जिससे की इस दिन की शुरूआती समय मेष राशि के जातको का चिंताजनक रह सकता है। कर्म का स्वामी शनि पर मंगल की दृष्टि पड़ने से समसप्तक योग बन रहा है। यह भी अशुभ प्रभाव जातको पर छोड़ सकता है। भाग्य का स्वामी बृहस्पति अपने से व्यय स्थान में होने से भाग्य को कमजोर बना रहे हैं। लेकिन लग्न में शुक्र का होना वह भी अपने ही नक्षत्र में जातक को सफलता दिलाने में सहयोग कर सकता है। कुल मिलाकर 2019 का चुनावी परिणाम आपके मिला-जुला रहेगा।
मेष राशि के राजनेता : अमित शाह

वृषभ राशि
इन जातको की पत्रिका में लग्न में सूर्य और बुध की युति संबंध होने से बुध आदित्य योग बन रहा है इससे जातको का आत्मबल मजबूत होगा। परंतु चंद्रमा के आपकी राशि वृषभ से अष्टम भाव में होने से सुबह का शुरूआती समय आपके लिए चिंतामय रहने वाला है। लेकिन दोपहर तक सफलता की आशा बननी शुरू हो जाएगी। जो शाम होते-होते आपके पक्ष में जा सकती है।
वृषभ राशि के राजनेता : ममता बनर्जी

मिथुन राशि
इस राशि के जातको का चंद्रमा इन्हें काफी परेशान करने वाला है। राशि का स्वामी बुध अपने से बारहवें स्थान में लग्न को कमजोर कर रहा है। तो वहीं चंद्रमा राशि से सप्तम में होने से किसी दूसरे के सहयोग से आपको लाभ मिलने का योग बना रहा है। कर्मक्षेत्र का बृहस्पति आपके कर्मक्षेत्र को देख रहा है जिससे कुछ हद तक आपके कर्मक्षेत्र को मजबूती प्रदान कर रहा है इससे आपको 2019 के चुनावी रण में सफलता मिल सकती है।
मिथुन राशि के राजनेता : अखिलेश यादव

कर्क राशि
इस राशि के जातको का शुरूआती दिन चिंता व घबराहट भरा रह सकता है। भाग्य का स्वामी बृहस्पति भाग्य व लाभ स्थान पर साथ ही आपकी राशि पर दृष्टि डाले हुए है जिससे आपका भाग्य आपका साथ देगा और आपकी सफलता में अहम भूमिका निभा सकता है। यही योग कर्क राशि के जातकों को इनके लक्ष्य को प्राप्त करने में सहायता करेगा। यानि की यदि आपकी 2019 के लोकसभा चुनाव में भागीदारी है तो आप सफलता प्राप्त कर सकते हैं।
कर्क राशि के राजनेता : के चंद्र शेखर राव

सिंह राशि
इस राशि के स्वामी सूर्य और बुध कर्मक्षेत्र के भाव में विराजमान हैं जो कि जातकों को उनके कर्मक्षेत्र में मजबूती प्रदान कर रहे हैं। दिन की शुरूआत में चंद्रमा का आपकी कुंडली के पंचम भाव में होने से आपको प्रसन्न चित बनाएगा। परंतु दोपहर बाद यही चंद्रमा आपके छठे स्थान में आ जाने से आपकी चिंताओं का कारण बन सकता है। लेकिन अंत में यही चंद्रमा आपको सफलता दिलाने का योग भी बना रहा है।

कन्या राशि
इस राशि के स्वामी बुध सूर्य के साथ मिलकर युति संबंध बना रहे हैं जिससे बुध आदित्य योग बन रहा है। यह योग आपके भाग्य को प्रबल बनाएगा। साथ ही चंद्रमा के चौथे भाव में होने से जनता का अच्छा साथ मिलेगा। जिससे इस राशि के जातकों को अपने लक्ष्य को प्राप्त करने में सफलता मिलेगी। कुल मिलाकर कन्या राशि के जातको के लिए 2019 का चुनावी परिणाम अच्छा रहने वाला है।

तुला राशि
इस राशि के स्वामी शुक्र का राशि से सप्तम भाव में होने से राशि को बल मिल रहा है। परंतु भाग्य कारक अष्टम भाव में हैं जिससे आपका भाग्य कमजोर हो रहा है। कर्म का स्वामी चंद्र आपके पराक्रम और सुख के भाव में होने से आपको सफलता दिलाने में सहयोग करेंगे।
तुला राशि के राजनेता : तेजस्वी यादव

वृश्चिक राशि
इस राशि के जातको का चंद्रमा दूसरे और तीसरे स्थान में गोचर करेगा, जिससे इनके अंदर आशा और निराशा दोनों ही भाव बनेंगे। लग्न में बृहस्पति के होने से आपके भाग्य और मान-सम्मान में इजाफा होगा। इसके साथ ही कर्म के स्वामी सूर्य बुध के साथ मिलकर बुध आदित्य योग बना रहे हैं जो कर्म को बल दे रहा है जिससे शुभ परिणाम मिलने की संभावना बन रही है।
वृश्चिक राशि के राजनेता : नरेंद्र मोदी

धनु राशि
इस राशि के जातको का चंद्रमा इस दिन इनके राशि में ही गोचर करेगा जिससे दिन की शुरूआत में शुभ परिणाम मिलने के अवसर बनेंगे। लेकिन राशि का स्वामी बृहस्पति अपने से बारहवें स्थान में होने से निराशा भी पैदा कर सकता है। कुछ समय के लिए विपक्ष के स्थान में सूर्य और बुध के होने से जातक अपने विराधियों को कमजोर करने में सफलता हो सकता है। लेकिन भाग्य के कमजोर होने से पूर्ण सफलता प्राप्त नहीं होगी।
राशि धनु के राजनेता : राहुल गांधी

मकर राशि
इस राशि के जातको के राशि स्वामी अपने से बारहवें स्थान में होने के कारण अपने ही राशि को कमजोर कर रहे हैं। इन जातको का दिन का शुरूआती समय चिंताजनक रहेगा। परंतु भाग्य का कारक बुध सूर्य के साथ होने से बुध आदित्य योग बना रहे हैं। इस योग से चुनाव में सफलता मिलने के अवसर बन सकते हैं। सुबह के बाद दोपहर में चंद्रमा का आपकी राशि में गोचर करने से धीरे-धीरे मन शांत होगा।
मकर राशि के राजनेता : मायावती

कुंभ राशि
इस राशि का स्वामी लाभ स्थान में होने में से आत्मबल को बढ़ाएगा साथ ही दिन की शुरूआती समय में मन को उत्साह देगा। परंतु दोपहर के बाद चंद्रमा के ग्यारहवें स्थान से बारहवें स्थान में आने से आपकी चिंता बढ़ा सकता है। पंचम भाव में राहु-मंगल का होना आपके लिए अंगारक दोष बना रहा है। जो आपकी सफलता पर ग्रहण लगा सकता है। यानि की 2019 के चुनावी परिणाम आप के पक्ष में आते-आते दूसरे के पक्ष में जा सकता है।

मीन राशि
इस राशि के जातको के राशि स्वामी बृहस्पति भाग्य स्थान में होने से और अपनी दृष्टि आपकी राशि पर डालने से आपके लिए शुभयोग बना रहे हैं। परंतु चंद्रमा का आपके कर्मक्षेत्र में और लाभ के स्थान में गोचर करने से मन के अंदर असफलता का भाव जगा सकता है। लेकिन अंत में यह आपको सफलता दिलाएगा। कुल मिलाकर आपके लिए 2019 का चुनावी परिणाम अच्छा रहने वाला है।

यह राशिफल सामान्य ज्योतिषीय आकलन के आधार पर बनाया गया है। आपकी कुंडली के अनुसार यह बदल सकता है।

अगर आप अपनी लाइफ की समस्याओं को लेकर ज्योतिषीय परामर्श लेना चाहते हैं तो एस्ट्रोयोगी पर इंडिया के बेस्ट एस्ट्रोलॉजर्स से परामर्श ले सकते हैं। ज्योतिषी जी से बात करने के लिये इस लिंक पर क्लिक करें और हमें 9999091091 पर कॉल करें।

Talk to Astrologers

2019 लोकसभा चुनाव की प्रेडिक्शन

2019 लोकसभा चुनाव की घोषणा के बाद आगामी देढ़ माह में चुनावी प्रचार के दौरान नेताओं द्वारा शक्ति का खूब प्रदर्शन किया जाना है। चुनावी सभाओं में भाषण व बयानबाजी से मतदाताओं का ध्यान अकर्षित करने का प्रयास भी किया जाएगा। इस दौरान कई वादे किए जाएंगे और नेता अपनी उपलब्धि व कामों को जनता के सामने पेश करेंगे। सातों चरणों के मतदान पूरा होने तक खूब...

और पढ़ें


Chat Now for Support